अब दून अस्पताल में ओपीडी के समय किसी भी चिकित्सक को प्रशासनिक बैठकों के लिए नहीं बुलाया जाएगा। तीन बजे तक ओपीडी का समय पूरा होने के बाद ही चिकित्सक बैठक में शामिल होंगे। इससे ओपीडी में आने वाले मरीजों को राहत मिलेगी। पिछले कुछ महीनों में देखा गया है कि चिकित्सक ओपीडी के समय प्रशासनिक बैठकों में व्यस्त रहते थे। ऐसे में सबसे अधिक परेशानी मरीजों को होती थी। ओपीडी में हर रोज 1500 से दो हजार मरीज उपचार के लिए आते हैं। ओपीडी में चिकित्सकों की संख्या घट जाने से मरीजों को लंबा इंतजार करने के बाद उपचार मिल पाता था। इसे देखते हुए अस्पताल प्रबंधन ने निर्णय लिया है कि सुबह नौ बजे से लेकर दोपहर तीन बजे तक किसी भी चिकित्सक को प्रशासनिक बैठकों के लिए नहीं बुलाया जाएगा। ऑपरेशन की भी बढ़ेगी संख्या: जानकारी के मुताबिक कभी-कभी ओटी ड्यूटी पर गए चिकित्सकों को भी बैठक में शामिल होना पड़ता था। इससे ऑपरेशन प्रभावित होते थे। नई व्यवस्था लागू होने के बाद चिकित्सक पूरा समय ओटी में दे सकेंगे। इससे हर रोज होने वाले ऑपरेशन की संख्या भी बढ़ेगी।

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