
“मित्रता, सेवा और सुरक्षा” के ध्येय वाक्य को चरितार्थ करते हुए टिहरी गढ़वाल पुलिस ने साइबर ठगी के एक मामले में त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई कर पीड़ित को राहत दिलाने में सफलता प्राप्त की है।
ढालवाला, मुनिकीरेती निवासी ओमप्रकाश पुरवाल साइबर अपराधियों द्वारा रची गई एक सुनियोजित ठगी का शिकार हो गए थे। साइबर ठगों ने उन्हें विभिन्न प्रलोभन एवं भ्रामक जानकारियां देकर उनके मोबाइल फोन में एक फर्जी APK (एपीके) फाइल डाउनलोड करवा दी। उक्त फाइल के माध्यम से ठगों ने उनके मोबाइल एवं बैंकिंग संबंधी गोपनीय जानकारी तक पहुंच बनाकर उनके बैंक खाते से धनराशि निकाल ली।
घटना की जानकारी प्राप्त होते ही वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक टिहरी गढ़वाल श्वेता चौबे के निर्देशन में साइबर सेल एवं थाना मुनिकीरेती पुलिस द्वारा तत्काल कार्रवाई प्रारंभ की गई। पुलिस टीम ने तकनीकी विश्लेषण एवं डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर संबंधित बैंकिंग चैनलों से समन्वय स्थापित करते हुए संदिग्ध खातों को तत्काल फ्रीज कराया तथा धनराशि को सुरक्षित कराने हेतु आवश्यक विधिक एवं तकनीकी प्रक्रिया पूर्ण की।
टिहरी पुलिस की त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई के परिणामस्वरूप पीड़ित के खाते से निकाली गई धनराशि में से ₹52,000 सफलतापूर्वक वापस कराए गए। अपनी मेहनत की कमाई वापस प्राप्त होने पर पीड़ित द्वारा टिहरी पुलिस का आभार व्यक्त करते हुए पुलिस की तत्परता एवं कार्यकुशलता की सराहना की गई।
टिहरी गढ़वाल पुलिस आमजन से अपील करती है कि किसी भी अज्ञात व्यक्ति के कहने पर मोबाइल फोन में APK फाइल डाउनलोड न करें तथा किसी भी प्रकार की संदिग्ध लिंक, एप्लीकेशन अथवा कॉल के माध्यम से अपनी बैंकिंग एवं व्यक्तिगत जानकारी साझा न करें। साइबर ठगी की स्थिति में तत्काल साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 अथवा वेबसाइट www.cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं।

More Stories
चौथी पास जुनैद ने सरकार को लगा दिया दस करोड़ रुपयों का चुना, पूर्व विधायक शाहनवाज़ राणा के खाते मे पहुंच रही थी जालसज़ी की रकम,
उत्तराखंड के कई जिलों मे बदलेगा मौसम का मिज़ाज, उत्तराखंड मौसम विभाग ने जारी की एडवांज़री !
जिला प्रशासन की बीमार बच्चो को लेकर संवेदनशील पहल; गंभीर बीमारियों से जूझ रहे बच्चों को मिलेगा निःशुल्क उपचार,गंभीर बीमारी से ग्रसित बच्चों के चिन्हीकरण अभियान में तेजी लाने के डीएम डॉ0 आशीष चौहान ने दिए निर्देश.!