March 4, 2026

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आज विश्व भर मे मनाया गया श्री हनुमान जन्मोत्सव, यमुनोत्री धाम के रावल ने बताई हनुमान जी की स्तुति करने की पूरी विधि और मंत्र l

आज विश्व भर मे श्री हनुमान जन्मोत्सव की धूम मची रही भक्तो ने सुबह सवेरे से ही जन्मोत्सव को लेकर बड़ी बड़ी तैयारीया कर जगह जगह रैली और भजन कीर्तन कर अपनी श्रद्धा अनुसार प्रशाद वितरण किया इस अवसर पर पं० सूर्य बल्ल भ उनियाल रावल एवं तीर्थ पुरोहित यमुनोत्री धाम ने हनुमान जी को प्रसन करने के मंत्रो का भाव सहित वर्णन किया जो इस प्रकार से है

 

*प्रातः स्मरामि हनुमन्त मनन्तवीर्यं*

*श्रीरामचन्द्र चरणाम्बुज चञ्चरीकम्*

*लङ्कापुरी दहन नन्दित देववृन्दं*

*सर्वार्थ सिद्धि सदनं प्रथित प्रभावम्*

 

आज चैत्र शुक्ल पूर्णिमा को श्रीहनुमान जी के जन्मोत्सव के शुभ पावन दिवस में श्री हनुमान जी की पूजा स्तुति करनी चाहिये, जिससे अनेक संकटो से मुक्ति मिलती है और भक्त की सभी मनोकामनाए भी पूर्ण होती है। ऐसे अनेक उदाहरण है जिसमें श्री हनुमान जी ने भगवान से लेकर एक आम भक्त तक को भी संकट से ऊबारा हेै।

 

*ऐसे माँ अंजनी के पुत्र, भगवान शिव के रुद्रावतार, प्रभु श्रीराम जी के अनन्य भक्त, संकट मोचन श्री हनुमान जी के जन्मोत्सव की आप सभी को बहुत बहुत बधाई एवं अनंत हार्दिक शुभ मंगल कामनाए।*

 

ऐसे श्री हनुमान जी जो श्री रामचन्द्र जी के चरण कमलों के भ्रमर हैं, जिन्होंने लँकापुरी को दग्ध करके देवगणों को आनन्द प्रदान किया है, जो सम्पूर्ण अर्थ सिद्धियों के आगार और लोक विश्रुत प्रभावशाली हैं, उन अनन्त पराक्रमशील श्री हनुमान जी का हम प्रातः काल में स्मरण करते हैँ।

 

*उल्लंघ्य सिंधो: सलिलं सलीलं*

*य: शोक वन्हिं जनकात्मजाया:*

*आदाय तेनैव ददाह लंकां*

*नमामि तं प्रांजलिराञ्जन्नेयम्*

 

ऐसे श्री हनुमान जी जिन्होंने सिंधु की अगाध जलराशि को लीला ही लीला में लांघकर तथा श्री जानकी जी की शोकाग्नि को लेकर उसी से लंका को फूंक डाला, उन आंजनेय श्री हनुमान जी की हम सभी हाथ जोड़कर वन्दना करते हैं।

 

*श्री हनुमान जी के श्रीचरणों से प्रार्थना करते हुये उन्हें उनकी शक्ति का स्मरण कराते हुये सबके कल्याण के लिये प्रार्थना एवं स्तुति करें।*

 

*कहहिं रीछपति सुनु हनुमाना*

*का चुप साधि रहेऊ बलवाना*

*पवन तनय बल पवन समाना*

*बुद्धि विवेक विग्यान निधाना*

*कवन जो काज कठिन जग माहीं*

*जो नहीं होई तात तुम पाहीं*

 

हे संकटमोचक जगत में ऐसा कौन सा कार्य है जो आप नही कर सकते, इसलिये हे प्रभू! हम सबका कल्याण करो! कल्याण करो!

 

श्रीहनुमान जी की असीम कृपा से आप सभी सदैव सुखी,स्वस्थ, समृद्ध, निरोगी एवं दीर्घायु हों। हे देव! इस संसार में कोई भी दुखी न हो। सबकी मनोकामनाए पूर्ण हों, आपके श्रीचरणों से प्रतिपल यही कामना व प्रार्थना करते हैं।

*पं० सूर्य बल्ल भ उनियाल रावल एवं तीर्थ पुरोहित यमुनोत्री धाम हिमालय देवभूमि उत्तराखंड*9760162454, 7579146563

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