
समय रात के 8:40 मिनट एक काँलर 112 पर सूचना देता है कि एक कार जिसमे बहुत तेज आवाज वाला हूटर लगा है सहत्रधारा रोड पैसैफिक गोल्फ स्टेट से आगे सहत्रधारा की तरफ तेजी और लापरवाही से जाते हुए काँलर को साइड मार कर भाग जाती है जिसका चालक शराब के नशे मे चूर है और साथ मे एक लडकी भी बैठी वह भी शराब के नशे मे है काँलर को तुरंत मोबाइल पर उसकी सूचना का मैसेज आ जाता है सूचना देने वाला पुलिस के काम की मन ही मन बहुत तारीफ करता है कि पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार की मेहनत रंग ला रही है काँलर को मैसेज मे कुछ गाडीयो के नम्बर मोबाइल नम्बर सहित दिये जाते है तो काँलर उन नम्बरो पर मदद पाने के लिए काल करता है लेकिन कुछ नम्बर सही नही तो कुछ नम्बर पिक ही नही हुऐ थक हार कर जब काँलर एक घंटा इतजार के बाद दोबारा काल करता है जवाब मिलता है कि आपकी मदद के लिए चीता भेज दिया गया है उसके 40 मिनट बाद एक चीता का फोन कालँर को आता है और कॉलर से पूरी राम कहानी सुनने के बाद बोलता है कि हम कही व्यस्त है आपके पास जल्द ही पहुचते है इसी तरह से रात के 11:00 बज जाते है लेकिन मदद का कोई नामोनिशान नही मिलता तभी अचानक फिर कॉलर के फोन की घंटी घनघनाती है और कुठालगेट पिकेट के चीता का फोन आता है कि हम आपकी मदद के लिए निकल गये है बस हमे आप वही रामकहानी सुना दो जो आप पहले भी तीन बार सुना चुके हो मरता क्या ना करता कॉलर पूरी राम कहानी फिर से टेपरिकार्डर की तरह सुना देता है और आश्वासन लेकर मदद की इंतजार मे बैठ जाता है अंत मे रात 11:21 मिनट पर कुठालगेट चीता का फोन कालँर के पास आता है कि हम पहुच गये है लेकिन गाडी मे कोई नही है अब सोचने वाली बात ये है कि गाडी मिल गई और लडका लडकी कीसी होटल के कमरे मे हो तो पुलिस के पास क्या चारा बचता है शायद इंतजार इंतजार और सिर्फ इंतजार पुलिस को भी और कॉलर को भी लेकिन सवाल वही कि 1* गाडी चालक शराब पीकर गाडी कैसै चला सकता है 2*गाडी मे बहुत आवाज का सायरन कैसै लगा सकता है 3* पहाडी रास्ते मे गाडी खतरनाक और लापरवाही से चला कर अपनी और दूसरो की जान जोखिम मे कैसै डाल सकता है खैर रात 11:30 बजे चीता पुलिस गाडी तक पहुच गई मगर कार्यवाही क्या होती है उसका इंतजार रहेगा

More Stories
साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन देहरादून के हाथ लगी बड़ी कामयाबी,साइबर क्राइम पुलिस ने ₹55 लाख की साइबर ठगी करने वाले अंतर्राज्यीय साइबर गिरोह के सदस्य को अमृतसर, पंजाब से किया गिरफ्तार.!
उत्तराखंड पुलिस के जवान ने अपने साले को आईएएस आईपीएस बनाने मे लगा दीं जी जान, सफलता प्राप्त करने पर एसएसपी नैनीताल ने जवान के प्रयास को दीं शाबाशी और साले को उज्जवल भविष्य के लिए दीं शुभकामनायें !
स्वतंत्रता दिवस समारोह को सकुशल रूप से सम्पन्न कराने के लिये मुस्तैद दून पुलिस,समारोह के दौरान सुरक्षा प्रबन्धों की समीक्षा हेतु एसएसपी और डीएम देहरादून ने सभी राजपत्रित अधिकारियों के साथ की गोष्ठी,सुरक्षा के समुचित प्रबंध सुनिश्चित करने के उपस्थित अधिकारियों को दिये निर्देश*.!